जोधपुर। साइबर ठगों ने अब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टेलीग्राम को अपना नया हथियार बना लिया है। जोधपुर में एक महिला को वीडियो लाइक कर कमाई करने का लालच देना भारी पड़ गया और उसे 1.42 लाख रुपए की ठगी का शिकार होना पड़ा। हालांकि, पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए एटीएम फुटेज और बैंक ट्रांजैक्शन की मदद से मुख्य आरोपी को नागौर से धर दबोचा है।

टेलीग्राम ग्रुप से बुना ठगी का जाल
डीसीपी (पूर्व) मनीष कुमार चौधरी के अनुसार, पीड़िता पल्लवी जैन ने ईमेल के जरिए शिकायत दर्ज कराई थी कि उसे एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया था। वहां उसे छोटे-छोटे वीडियो लाइक करने के बदले अच्छी कमाई का लालच दिया गया। शुरुआत में विश्वास जीतने के बाद, ठगों ने उसे निवेश के नाम पर फंसाया और उसके बैंक खाते से कुल 1.42 लाख रुपए पार कर दिए।
एमपी के खाते से जोधपुर के एटीएम तक का सफर
सदर बाजार थानाधिकारी माणक राम की टीम ने जब ठगी की रकम का पीछा किया, तो तकनीकी जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए:
- ट्रांजैक्शन: ठगी के रुपयों में से 50 हजार रुपए मध्य प्रदेश के एक बैंक खाते में ट्रांसफर किए गए थे।
- विड्रॉल: ताज्जुब की बात यह रही कि मध्य प्रदेश के उस खाते से रुपए निकालने के लिए जोधपुर के ही एक एटीएम का इस्तेमाल किया गया।
- सीसीटीवी: पुलिस ने उस एटीएम के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिससे आरोपी का चेहरा साफ हो गया और पुलिस नागौर तक पहुँच गई।

आरोपी गिरफ्तार, मिला ठगी का सामान
पुलिस ने नागौर जिले के भावण्डा निवासी गौतम (26) को गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से निम्नलिखित सामान बरामद किया है:
- नकदी: 80 हजार रुपए नकद।
- कार्ड: 9 अलग-अलग बैंकों के एटीएम कार्ड।
- मोबाइल: 5 स्मार्टफोन, जिनका इस्तेमाल ठगी और कम्युनिकेशन के लिए किया जाता था।
गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी
आरोपी गौतम को अदालत में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। पुलिस पूछताछ में इस साइबर गैंग के अन्य सदस्यों के नाम भी सामने आने की उम्मीद है, जो देश के अलग-अलग हिस्सों में बैठकर इस तरह के गिरोह को संचालित कर रहे हैं।