राजस्थान की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और भाजपा नेता राजेन्द्र राठौड़ के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। राजेन्द्र राठौड़ ने गहलोत पर निशाना साधते हुए कहा कि वे जमीनी हकीकत से पूरी तरह दूर हैं और जनता के बीच भ्रम फैलाने का काम कर रहे हैं। उन्होंने गहलोत की कार्यप्रणाली को 'इंतजार शास्त्र' करार देते हुए उन पर तंज कसा।
राठौड़ का आरोप है कि राज्य की पिछली सरकार ने जनता की समस्याओं को सुलझाने के बजाय केवल घोषणाओं और वादों के जाल में उन्हें उलझाए रखा। उन्होंने कहा कि गहलोत सरकार के दौरान विकास कार्य ठप्प रहे और केवल कागजों पर ही योजनाएं दौड़ती रहीं। भाजपा नेता ने दावा किया कि जनता अब इस 'इंतजार' की राजनीति से तंग आ चुकी है।
भाजपा नेता ने आगे कहा कि राजस्थान की जनता ने कांग्रेस सरकार के शासन में जो भुगता है, उसका जवाब उन्हें चुनाव में मिला है। उन्होंने गहलोत की नीतियों को जनविरोधी बताते हुए कहा कि पूर्ववर्ती सरकार ने राज्य के संसाधनों का सही उपयोग नहीं किया। राठौड़ ने विश्वास जताया कि वर्तमान सरकार राज्य को प्रगति की नई दिशा में लेकर जाएगी।
अशोक गहलोत और कांग्रेस ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए पलटवार किया है। पार्टी का कहना है कि भाजपा अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए पुरानी सरकार पर बेबुनियाद आरोप लगा रही है। राजस्थान की राजनीति में यह आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है और दोनों पक्ष अपने-अपने तर्कों के साथ जनता के बीच अपनी बात रख रहे हैं।