राजस्थान में इन दिनों भीषण गर्मी और हीटवेव ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। प्रदेश के कई शहरों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है, जिससे दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहता है। बढ़ते तापमान के कारण लोगों का घरों से निकलना दूभर हो गया है और प्रशासन ने भी सावधानी बरतने की सलाह दी है।
गर्मी की मार को कम करने के उद्देश्य से नगर निगम की ओर से प्रमुख सड़कों और चौराहों पर पानी का छिड़काव किया जा रहा है। इससे डामर की सड़कों को ठंडा रखने और धूल को नियंत्रित करने में मदद मिल रही है, साथ ही आसपास के वातावरण को भी कुछ हद तक राहत मिल रही है। शहर की मुख्य सड़कों पर टैंकरों के माध्यम से यह विशेष छिड़काव अभियान चलाया जा रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार जयपुर, कोटा, बीकानेर और जोधपुर सहित राज्य के 6 प्रमुख शहरों में लू का असर सबसे अधिक देखा जा रहा है। इन क्षेत्रों में दोपहर के समय चलने वाली गर्म हवाओं के कारण हीटवेव की स्थिति बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिकों ने अगले कुछ दिनों तक तापमान में और बढ़ोतरी होने की संभावना जताई है, जिससे लोगों की चिंताएं बढ़ गई हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने भी आम जनता को लू से बचने के लिए सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं, बाहर निकलते समय सिर ढककर रखें और धूप में अधिक समय न बिताएं। स्कूली बच्चों और बुजुर्गों के लिए विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है ताकि भीषण गर्मी के कारण होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सके।