जल जीवन मिशन (JJM) घोटाले के मामले में राजस्थान की एसीबी कोर्ट ने पूर्व आईएएस अधिकारी सुबोध अग्रवाल को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने उन्हें 2 दिनों की रिमांड पर भेज दिया है। हालांकि, एसीबी की ओर से 3 दिनों की रिमांड की मांग की गई थी, जिसे कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया है।
इस मामले में सुबोध अग्रवाल की गिरफ्तारी भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों के चलते हुई है। एसीबी लगातार घोटाले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। रिमांड अवधि के दौरान एसीबी उनसे पूछताछ करेगी और घोटाले से जुड़े अन्य सबूत जुटाने का प्रयास करेगी। यह मामला सरकारी धन के दुरुपयोग से जुड़ा है।
पूर्व आईएएस अधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने पद का दुरुपयोग करते हुए नियमों को ताक पर रखकर टेंडर प्रक्रिया में गड़बड़ी की। एसीबी को इस मामले में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मिले हैं, जिनके आधार पर सुबोध अग्रवाल से आमना-सामना कराया जाएगा। आने वाले दो दिन जांच के लिहाज से बेहद अहम माने जा रहे हैं।
अदालत के इस फैसले के बाद प्रशासन और राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। सुबोध अग्रवाल से पूछताछ के दौरान कई अन्य बड़े अधिकारियों और ठेकेदारों के नाम सामने आने की संभावना है। एसीबी इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है ताकि घोटाले के मुख्य सूत्रधारों तक पहुंचा जा सके।